सतावेले दुनिया, रोवावेले दुनिया

गणेश नाथ तिवारी "विनायक" 2 Subscribers
Subscribe
@ganesh-nath-tiwari • 30 Views • 9 अप्रैल, 2026

सतावेले दुनिया, रोवावेले दुनिया
नया रोज चेहरा, देखावेले दुनिया।

​भरल पेट जेकर, सुतेला ऊ सुख से
गला भूख के तऽ, दबावेले दुनिया।

​भले आग लागल, पड़ोसी के घर मे
तमाशा खड़ा सब, करावेले दुनिया।

​ई कागज के नोटन, के बा खेल सारा
ई रिस्ता के सूली, चढ़ावेले दुनिया।

​कहाँ साँच बोले, के हिम्मत बा केहु में
बस अब झूठो के , सजावेले दुनिया।

​सचाई के रस्ता, कठिन बा हमेशा
‘विनायक’ई साँचो, बतावेले दुनिया।

Purvaiya
गणेश नाथ तिवारी "विनायक" @ganesh-nath-tiwari

सतावेले दुनिया, रोवावेले दुनिया
नया रोज चेहरा, देखावेले दुनिया।

​भरल पेट जेकर, सुतेला ऊ सुख से
गला भूख के तऽ, दबावेले दुनिया।

​भले आग लागल, पड़ोसी के घर मे
तमाशा खड़ा सब, करावेले दुनिया।

​ई कागज के नोटन, के बा खेल सारा
ई रिस्ता के सूली, चढ़ावेले दुनिया।

​कहाँ साँच बोले, के हिम्मत बा केहु में
बस अब झूठो के , सजावेले दुनिया।

​सचाई के रस्ता, कठिन बा हमेशा
'विनायक'ई साँचो, बतावेले दुनिया।

0 प्रतिक्रियाएं