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कवि सम्मेलन में सभकर जुटान बा

119 Views • अप्रैल 10, 2026

दिन हऽ इतवार,पुरवईया स्थान बा,
कवि सम्मेलन में काल्ह जुटान बा।

सुंदर-सुंदर मुक्तक से होई शुरुआत,
माई भोजपुरी के ही होई खाली बात।

माई भाखा हमनी के आन, बान, शान बा,
कवि सम्मेलन में काल्ह जुटान बा।

तनी सा रउवो समय निकालीं,
रात 8 बजे online कुर्सी संभालीं।

बिन रउवा हमनी के कहाँ अड़ान बा,
कवि सम्मेलन में काल्ह जुटान बा।

कठिन शब्द अउर अर्थ

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