जिनिगिया ई अबले अन्हारे में बीतल-श्रद्धानन्द पाण्डेय श्रद्धानंद पाण्डेय 268 पाठक • 3 महीना पहिले श्रद्धानंद पाण्डेय • 268 पाठक • 3 महीना पहिले
मन धधाइल गावें अइनी, वायरल कविता मे आखिर क्या है ? मुकेश यादव "भावुक" 466 पाठक • 3 महीना पहिले मुकेश यादव "भावुक" • 466 पाठक • 3 महीना पहिले
चोट खा-खा के जिनिगी – कुमार अजय सिंह कुमार अजय सिंह 472 पाठक • 3 महीना पहिले कुमार अजय सिंह • 472 पाठक • 3 महीना पहिले
कहीं चूल्हे पे अदहन खौलता है-चेतना पाण्डेय चेतना पाण्डेय 380 पाठक • 3 महीना पहिले चेतना पाण्डेय • 380 पाठक • 3 महीना पहिले
ए शीतलहरी काकी-डॉo यशवन्त केशोपुरी डॉo यशवन्त केशोपुरी 360 पाठक • 3 महीना पहिले डॉo यशवन्त केशोपुरी • 360 पाठक • 3 महीना पहिले
मन धधाइल गावें गइनी-ग़ज़ब के वायरल कविता,बिना पढ़े मत जाइए मुकेश यादव "भावुक" 746 पाठक • 4 महीना पहिले मुकेश यादव "भावुक" • 746 पाठक • 4 महीना पहिले
भोजपुरी में बात करीं, वायरल रचनाकर के कइसन निहोरा? शम्स जमील 467 पाठक • 4 महीना पहिले शम्स जमील • 467 पाठक • 4 महीना पहिले
कसक जीवन के…मन कबों थोर ना रहे सुजीत पाण्डेय 321 पाठक • 4 महीना पहिले सुजीत पाण्डेय • 321 पाठक • 4 महीना पहिले
एक रूपिया के कीमत के कहानी रिशु कुमार गुप्ता 383 पाठक • 4 महीना पहिले रिशु कुमार गुप्ता • 383 पाठक • 4 महीना पहिले
मन काहें अकुताइल बा मुकेश यादव "भावुक" 333 पाठक • 5 महीना पहिले मुकेश यादव "भावुक" • 333 पाठक • 5 महीना पहिले
मुह पर माहुर रखला मे शान का बाटे | नूरैन अंसारी नूरैन अंसारी 498 पाठक • 5 महीना पहिले नूरैन अंसारी • 498 पाठक • 5 महीना पहिले
कबले खइहन मार बिहारी | Noorain Anasri नूरैन अंसारी 350 पाठक • 5 महीना पहिले नूरैन अंसारी • 350 पाठक • 5 महीना पहिले
नामी आदमी के साजिशन बदनाम कइलन स – मनोज भावुक मनोज भावुक 369 पाठक • 5 महीना पहिले मनोज भावुक • 369 पाठक • 5 महीना पहिले
हम पीर आपन बतलाई केसे-तबारक अंसारी तबारक अंसारी 305 पाठक • 5 महीना पहिले तबारक अंसारी • 305 पाठक • 5 महीना पहिले
दिन पुरनका आई ना – नूरैन अंसारी नूरैन अंसारी 113 पाठक • 5 महीना पहिले नूरैन अंसारी • 113 पाठक • 5 महीना पहिले
बेरोजगारी कवनों मुद्दा नईखे-शम्स शम्स जमील 268 पाठक • 5 महीना पहिले शम्स जमील • 268 पाठक • 5 महीना पहिले
मिलित अगर सभे के बिहार में ही रोज़गार-ताजुद्दीन अंसारी ताजुद्दीन अंसारी 455 पाठक • 5 महीना पहिले ताजुद्दीन अंसारी • 455 पाठक • 5 महीना पहिले
आदमी अब बेचारा बन गइल बा-रिशु कुमार गुप्ता रिशु कुमार गुप्ता 278 पाठक • 5 महीना पहिले रिशु कुमार गुप्ता • 278 पाठक • 5 महीना पहिले
पईसा…. राघवेन्द्र प्रकाश “रघु” राघवेंद्र प्रकाश 'रघु' 548 पाठक • 5 महीना पहिले राघवेंद्र प्रकाश 'रघु' • 548 पाठक • 5 महीना पहिले
हमहि से प्रेम, हमहि से छुपावे के बा मुकेश यादव "भावुक" 420 पाठक • 5 महीना पहिले मुकेश यादव "भावुक" • 420 पाठक • 5 महीना पहिले
मितवा जबसे गांव हम छोड़नी-मुकेश यादव मुकेश यादव "भावुक" 345 पाठक • 5 महीना पहिले मुकेश यादव "भावुक" • 345 पाठक • 5 महीना पहिले
बतिया केहू के खल जाला-शम्श जमील शम्स जमील 1.6K पाठक • 5 महीना पहिले शम्स जमील • 1.6K पाठक • 5 महीना पहिले
हम का करीं, बुझाते नइखे-नूरैन अन्सारी नूरैन अंसारी 256 पाठक • 5 महीना पहिले नूरैन अंसारी • 256 पाठक • 5 महीना पहिले